Mardaani 3 Trailer: ‘मर्दानी’ के सभी विलेन पर भारी पड़ेगी ‘मर्दानी 3’ की अम्मा

बॉलीवुड में जब भी दमदार फीमेल-कॉप कैरेक्टर की बात होती है, तो सबसे पहला नाम ‘मर्दानी’ का आता है। Rani Mukerji की यह फ्रेंचाइज़ी अब अपने तीसरे अध्याय ‘मर्दानी 3’ के साथ लौट आई है और इस बार कहानी, ट्रीटमेंट और सबसे बढ़कर विलेन—सब कुछ पहले से कहीं ज्यादा खतरनाक नजर आ रहा है। हाल ही में रिलीज़ हुए 3 मिनट 16 सेकंड के ट्रेलर ने साफ कर दिया है कि ‘मर्दानी 3’ सिर्फ एक एक्शन फिल्म नहीं, बल्कि एक मनोवैज्ञानिक जंग है, जिसमें Rani Mukerji की शिवानी शिवाजी रॉय को ऐसी दुश्मन मिली है, जो अब तक की सबसे डरावनी साबित हो सकती है। taazanews24x7.com

ट्रेलर ने क्यों मचा दी सनसनी?

‘मर्दानी 3’ का ट्रेलर रिलीज़ होते ही सोशल मीडिया पर छा गया। जहां पहले दो हिस्सों में Rani Mukerji का सामना पुरुष अपराधियों से था, वहीं इस बार कहानी में बड़ा ट्विस्ट है। इस बार Rani का मुकाबला किसी बाहरी गुंडे या माफिया से नहीं, बल्कि एक महिला विलेन ‘अम्मा’ से है। ट्रेलर में अम्मा का इंट्रोडक्शन इतना सधा हुआ और खौफनाक है कि दर्शकों को पहले ही सीन से बेचैनी महसूस होने लगती है।

3 मिनट 16 सेकंड के इस ट्रेलर में न सिर्फ एक्शन और सस्पेंस है, बल्कि एक ऐसा माहौल भी रचा गया है, जो आपको लगातार असहज करता रहता है। बैकग्राउंड स्कोर, कैमरा एंगल्स और डायलॉग डिलीवरी—हर चीज़ मिलकर यह एहसास दिलाती है कि ‘मर्दानी 3’ पिछली फिल्मों से कहीं ज्यादा डार्क और इंटेंस होने वाली है।

Rani Mukerji का बदला हुआ अंदाज

Rani Mukerji एक बार फिर शिवानी शिवाजी रॉय के किरदार में नजर आ रही हैं, लेकिन इस बार उनका अंदाज पहले से ज्यादा सख्त, ज्यादा थका हुआ और ज्यादा गुस्से से भरा हुआ दिखता है। ट्रेलर में कई ऐसे पल हैं, जहां रानी का किरदार सिर्फ अपराध से नहीं, बल्कि सिस्टम और खुद के अंदर चल रही जंग से भी लड़ता दिखता है।

Rani की आंखों में इस बार एक अलग ही आग नजर आती है। वह सिर्फ कानून की रखवाली करने वाली पुलिस अफसर नहीं हैं, बल्कि एक ऐसी महिला हैं, जिसने बहुत कुछ खोया है और अब पीछे हटने का सवाल ही नहीं उठता। ट्रेलर के कुछ सीन में रानी की हालत खराब दिखती है—जख्मी, थकी हुई, लेकिन टूटी नहीं। यही ‘मर्दानी 3’ की सबसे बड़ी ताकत बनकर उभरती है।

अम्मा’: मर्दानी यूनिवर्स की सबसे खतरनाक विलेन

अगर ‘मर्दानी 3’ के ट्रेलर की सबसे ज्यादा चर्चा हो रही है, तो वह है नई विलेन ‘अम्मा’। यह किरदार निभाया है मल्लिका प्रसाद ने, जो ट्रेलर के कुछ ही मिनटों में दर्शकों के दिमाग में डर बैठाने में कामयाब हो जाती हैं।

अम्मा का किरदार किसी आम खलनायक जैसा नहीं है। वह न तो ऊंची आवाज़ में चिल्लाती है, न ही बेवजह हिंसा दिखाती है। उसकी खामोशी, उसकी आंखों की ठंडक और उसके शब्दों की सटीकता ही उसे खतरनाक बनाती है। ट्रेलर में एक सीन है, जहां अम्मा बिना किसी भाव के हिंसा को अंजाम देती है—और यही सीन दर्शकों को सबसे ज्यादा झकझोरता है।

यह पहली बार है जब ‘मर्दानी’ फ्रेंचाइज़ी में महिला विलेन को इतनी अहमियत दी गई है। अम्मा सिर्फ रानी मुखर्जी के सामने खड़ी नहीं होती, बल्कि हर उस सोच को चुनौती देती है, जो महिलाओं को कमजोर मानती है।

महिला बनाम महिला: सिनेमा में नया मोड़

बॉलीवुड में महिला बनाम महिला की टक्कर बहुत कम देखने को मिलती है, और जब मिलती है तो अक्सर उसे ग्लैमर तक सीमित कर दिया जाता है। लेकिन ‘मर्दानी 3’ इस ट्रेंड को तोड़ती नजर आ रही है। यहां टक्कर है दो मजबूत सोचों की—एक तरफ कानून और न्याय की प्रतिनिधि शिवानी शिवाजी रॉय, और दूसरी तरफ अराजकता और डर की प्रतीक अम्मा।

ट्रेलर यह साफ संकेत देता है कि यह लड़ाई सिर्फ शारीरिक नहीं, बल्कि मानसिक और भावनात्मक भी होगी। अम्मा रानी को सिर्फ चोट नहीं पहुंचाती, बल्कि उसके विश्वास, उसके आत्मबल और उसकी सीमाओं पर भी हमला करती है।

कहानी में क्या है खास?

हालांकि ट्रेलर कहानी के पूरे पत्ते नहीं खोलता, लेकिन इतना जरूर साफ हो जाता है कि ‘मर्दानी 3’ की कहानी किसी एक अपराध तक सीमित नहीं है। यह एक बड़े नेटवर्क, गहरे षड्यंत्र और सामाजिक सच्चाइयों की ओर इशारा करती है।

पहले हिस्से में मानव तस्करी, दूसरे में बाल अपराध जैसे मुद्दे उठाए गए थे। इस बार भी फिल्म एक संवेदनशील लेकिन सख्त मुद्दे को केंद्र में रखती दिखती है, जिसे ट्रेलर में संकेतों के जरिए पेश किया गया है।

डायरेक्शन और ट्रीटमेंट

‘मर्दानी 3’ का ट्रेलर देखकर साफ है कि मेकर्स ने इस बार विजुअल ट्रीटमेंट पर खास ध्यान दिया है। फिल्म का कलर पैलेट गहरा है, लोकेशंस रियल लगती हैं और कैमरा वर्क कहानी को और ज्यादा प्रभावी बनाता है।

एक्शन सीन्स को जरूरत से ज्यादा स्टाइलिश नहीं बनाया गया है। यहां हर पंच, हर चोट और हर गिरावट असली लगती है। यही वजह है कि ट्रेलर देखते वक्त दर्शक खुद को कहानी से जुड़ा हुआ महसूस करता है।

बैकग्राउंड स्कोर और डायलॉग्स

ट्रेलर का बैकग्राउंड स्कोर इसकी जान है। धीमी, भारी और डर पैदा करने वाली धुनें कहानी के माहौल को मजबूत बनाती हैं। वहीं डायलॉग्स कम हैं, लेकिन असरदार हैं। रानी मुखर्जी के कुछ संवाद सीधे दिल में उतरते हैं, जबकि अम्मा के शब्द रोंगटे खड़े कर देते हैं।

सोशल मीडिया पर ट्रेलर की प्रतिक्रिया

ट्रेलर रिलीज़ होते ही सोशल मीडिया पर #Mardaani3 और #Amma ट्रेंड करने लगे। फैंस जहां रानी मुखर्जी के कमबैक से खुश हैं, वहीं मल्लिका प्रसाद की एक्टिंग की भी जमकर तारीफ हो रही है। कई यूज़र्स ने लिखा कि ‘अम्मा’ अब तक की सबसे खतरनाक विलेन में से एक साबित हो सकती है।

कुछ दर्शकों का मानना है कि ‘मर्दानी 3’ सिर्फ एक फिल्म नहीं, बल्कि एक स्टेटमेंट है—खासतौर पर उस दौर में, जब महिलाओं को लेकर अपराध और हिंसा की खबरें लगातार सामने आ रही हैं।

क्या ‘मर्दानी 3’ बदल देगी गेम?

‘मर्दानी’ फ्रेंचाइज़ी हमेशा से ही कंटेंट-ड्रिवन रही है। पहले दो हिस्सों ने बॉक्स ऑफिस पर भी अच्छा प्रदर्शन किया और क्रिटिक्स से भी सराहना मिली। ‘मर्दानी 3’ का ट्रेलर देखकर लगता है कि यह फिल्म उस लेवल को और ऊपर ले जाने की कोशिश कर रही है।

महिला विलेन का कॉन्सेप्ट, ज्यादा डार्क टोन और इमोशनल डेप्थ—ये सभी चीजें मिलकर ‘मर्दानी 3’ को एक अलग पहचान देती हैं।

रानी मुखर्जी के करियर के लिए क्यों खास है यह फिल्म?

रानी मुखर्जी के करियर में ‘मर्दानी’ एक माइलस्टोन रही है। यह वह किरदार है, जिसने उन्हें सिर्फ एक एक्ट्रेस नहीं, बल्कि एक पावरफुल परफॉर्मर के रूप में स्थापित किया। ‘मर्दानी 3’ में रानी का किरदार और ज्यादा परतदार नजर आता है, जो उनके अभिनय के दायरे को और फैलाता है।

निष्कर्ष

‘मर्दानी 3’ का ट्रेलर यह वादा करता है कि फिल्म दर्शकों को सिर्फ एंटरटेन नहीं करेगी, बल्कि उन्हें सोचने पर भी मजबूर करेगी। रानी मुखर्जी और अम्मा के बीच की यह जंग सिर्फ अच्छाई और बुराई की नहीं, बल्कि ताकत, सहनशक्ति और इंसानियत की भी है।

अगर ट्रेलर की झलक ही इतनी असरदार है, तो पूरी फिल्म से उम्मीदें आसमान छूना लाज़मी है। ‘मर्दानी 3’ न सिर्फ रानी मुखर्जी के फैंस के लिए, बल्कि उन सभी दर्शकों के लिए खास होने वाली है, जो सिनेमा में दमदार कहानी और मजबूत किरदार देखना पसंद करते हैं।

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