भारतीय शास्त्रीय संगीत की दुनिया में अनुष्का शंकर का नाम किसी परिचय का मोहताज नहीं है। दिग्गज संगीतकार और भरतनाट्यम के लीजेंड पंडित रवि शंकर की बेटी अनुष्का न सिर्फ एक अंतरराष्ट्रीय स्तर की सितारवादक हैं बल्कि भारतीय शास्त्रीय संगीत की युवा पहचान भी। लेकिन हाल ही में उनके साथ हुआ एक वाकया एयर इंडिया की कस्टमर सर्विस को आइना दिखाने जैसा है।
अपनी ताज़ा उड़ान के दौरान, एयर इंडिया की स्टाफ हैंडलिंग से अनुष्का शंकर का प्रिय और बेहद कीमती सितार बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया। इस घटना के बाद अनुष्का ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो और लंबा नोट साझा किया, जिसमें उन्होंने एयरलाइन पर गंभीर नाराज़गी जताई। उनका यह पोस्ट वायरल हो गया और संगीत जगत से लेकर आम यूज़र्स तक, हर कोई इस घटना पर अपनी प्रतिक्रिया दे रहा है। taazanews24x7.com
यह पूरा मामला केवल एक कलाकार के इंस्ट्रूमेंट टूटने का नहीं है, बल्कि उन तमाम यात्रियों का दर्द भी बयां करता है जिन्हें अक्सर एयरलाइंस के गैर-जिम्मेदाराना रवैये का सामना करना पड़ता है।
आइए समझते हैं पूरा मामला, सोशल मीडिया पर क्या हुआ, सेलेब्स ने क्या कहा और क्यों यह मुद्दा भारत की एयरलाइन सेवाओं पर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है।
घटना कैसे शुरू हुई: अनुष्का ने पोस्ट किया दर्द भरा वीडियो
अनुष्का शंकर ने अपने ऑफिशियल सोशल मीडिया अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया, जिसमें उनका सितार टूटे हुए हिस्सों के साथ दिखाई दे रहा था। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि हार्ड केस के अंदर रखा सितार काफी बुरी तरह से डैमेज हो चुका है—तार टूटे हुए, बॉडी में दरारें और कई अहम हिस्से दबे व क्षतिग्रस्त।
साथ ही उन्होंने एक भावुक कैप्शन लिखा:
“एयर इंडिया ने मेरे सितार के साथ जो किया, उससे मेरा दिल टूट गया है।
मैं इसे दुनिया भर में सुरक्षित ले जाती हूं और आज जिस हालत में इसे पाया, वह बेहद दुखद है।”
यह कैप्शन सिर्फ शिकायत नहीं, एक कलाकार का वो दर्द है जो अपने वाद्य को आत्मा का हिस्सा मानता है।
अनुष्का का सितार—सिर्फ एक इंस्ट्रूमेंट नहीं, एक धरोहर
यह जानना जरूरी है कि अनुष्का का सितार कोई सामान्य वाद्य नहीं था।
ऐसे वाद्य खास कारीगरों द्वारा हाथ से तैयार किए जाते हैं और इन्हें कस्टमाइज्ड तरीके से मेंटेन किया जाता है।
इनकी कीमत पैसों से नहीं आंकी जाती, बल्कि यह कलाकार की कला, ऊर्जा और सालों की मेहनत से जुड़ा होता है।
इनका नुकसान सिर्फ आर्थिक नहीं, बल्कि भावनात्मक और पेशेवर दोनों स्तरों पर भारी पड़ता है।
एक टूटा सितार कई हफ्तों से लेकर महीनों तक रिपेयर में जा सकता है और कई बार उसका मूल स्वर लौटकर नहीं आता।
सेलेब्स ने दिया साथ: “दिल दहला देने वाला है”
जैसे ही अनुष्का का पोस्ट वायरल हुआ, देश-विदेश के कलाकारों, संगीतकारों और प्रशंसकों ने उनकी बात का समर्थन किया।
जाकिर खान (कॉमेडियन व म्यूज़िशियन)
जोकि खुद सितार बजाते हैं, उन्होंने लिखा:
“यह दिल तोड़ देने वाला है।”
विशाल ददलानी (संगीतकार)
“हे भगवान! यह दिल दहला देने वाला है… मुझे बेहद दुख है।”
अन्विता शंकर (म्यूज़िशियन)
“यह अविश्वसनीय है। इतनी सुरक्षित हार्ड केसिंग में भी ऐसा कैसे हो सकता है? एयर इंडिया ने आखिर इसे संभाला कैसे?”
इन सभी प्रतिक्रियाओं से ज़ाहिर होता है कि यह मामला सिर्फ एक सेलेब्रिटी या एयरलाइन का विवाद नहीं है, बल्कि कलाकारों के प्रति एयरलाइंस की जवाबदेही का बड़ा मुद्दा है।

एयर इंडिया पर सवाल—क्या इंस्ट्रूमेंट की सुरक्षा कोई प्राथमिकता नहीं?
पिछले कुछ सालों में, बड़े वाद्ययंत्रों की एयरलाइन हैंडलिंग पर कई कलाकारों ने शिकायतें दर्ज की हैं।
सितार, सरोद, वीणा, गिटार जैसे वाद्य बेहद नाज़ुक होते हैं।
एयरलाइंस के लापरवाह बैगेज हैंडलिंग से इनमें क्षति की आशंका हमेशा रहती है।
अनुष्का की घटना कई सवाल खड़े करती है:
- क्या एयर इंडिया के स्टाफ को नाजुक म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट हैंडल करने की ट्रेनिंग दी जाती है?
- क्या एयरलाइन के पास डेडिकेटेड म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट हैंडलिंग पॉलिसी है?
- कलाकारों को अपने अनमोल इंस्ट्रूमेंट्स लेकर हवाई यात्रा करना कहा तक सुरक्षित है,?
दिक्कत यह है कि भारत ही नहीं, कई अंतरराष्ट्रीय कलाकार भी एयर इंडिया और अन्य एयरलाइंस की इसी तरह की शिकायतें करते रहे हैं।
हार्ड केस में होते हुए भी इतना नुकसान कैसे?
यह बात सबको चौंका रही है।
अनुष्का का सितार कस्टम हार्ड केस में पैक किया गया था जो:
- शॉक-प्रूफ होता है
- क्रश-रेसिस्टेंट होता है
- तापमान का असर कम करता है
- वाद्य को चारों तरफ से सपोर्ट देता है
फिर भी अंदर तक टूट-फूट का होना दर्शाता है कि:
- बैग को बेधड़क फेंका गया
- भारी सामान इसके ऊपर रखा गया
- ट्रॉलियों में गलत तरीके से लोड किया गया
- या केस को किसी बड़े दबाव/आघात का सामना करना पड़ा
यानी कहीं न कहीं हैंडलिंग लेवल पर गंभीर चूक हुई है।
एयर इंडिया की प्रतिक्रिया—अभी तक क्या पता है?
अब तक एयर इंडिया द्वारा कोई विस्तृत आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
हालाँकि रिपोर्ट्स के मुताबिक:
- एयर इंडिया ने पोस्ट पर जवाब देते हुए अनुष्का से डिटेल मांगी है
- माफी जताने के संकेत दिए हैं
- जांच की बात कही है
लेकिन अब सोशल मीडिया पर लोग मांग कर रहे हैं कि एयरलाइन को:
- जिम्मेदारों पर कार्रवाई करनी चाहिए
- कलाकारों के वाद्यों के लिए स्पेशल पॉलिसी लानी चाहिए
- पब्लिकली माफी माँगनी चाहिए
- सुरक्षा प्रोटोकॉल को अपग्रेड करना चाहिए
यात्रियों की समस्या—ये सिर्फ सेलेब्स का मुद्दा नहीं
अनुष्का के पोस्ट के नीचे हजारों लोगों ने कमेंट करके बताया कि:
- उनके म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट टूटे
- कैमरा और प्रोफेशनल लाइटिंग उपकरण क्षतिग्रस्त हुए
- सूटकेस और इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस तोड़े गए
- महंगे पैकेजेज़ खो गए
यानी समस्या गहरी है और इसका समाधान जरूरी है।
कलाकारों के वाद्य क्यों संवेदनशील होते हैं?
म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट सिर्फ लकड़ी और धातु का मेल नहीं होते।
वे तापमान, नमी, झटके और दबाव से बेहद प्रभावित होते हैं।
खासकर सितार—
- बहुत हल्की लकड़ी से बनता है
- तार और फ्रेट्स बेहद संवेदनशील होते हैं
- गॉर्ड (कद्दू का हिस्सा) दबाव में आसानी से टूट सकता है
- एक बार क्षतिग्रस्त हो जाने पर रिपेयर जटिल होता है और स्वर बदल सकता है
इसलिए कलाकार एयरलाइन पर बिना सोचे-समझे भरोसा नहीं कर पाते।
अनुष्का की यात्रा पर प्रभाव—क्या ये बड़ा झटका है?
अनुष्का शंकर लगातार दुनिया भर में परफॉर्म करती हैं।
उनका टूटा हुआ सितार:
- उनके आगामी परफॉर्मेंस को प्रभावित कर सकता है
- उनके टूर शेड्यूल में देरी ला सकता है
- महंगे रिपेयर और री-ट्यूनिंग की जरूरत पैदा कर सकता है
- भावनात्मक नुकसान तो अलग ही है
कई फैंस ने तो लिखा—
“यह ऐसा है जैसे किसी पेंटर का ब्रश तोड़ देना, या कवि की डायरी फाड़ देना।”

सोशल मीडिया पर बढ़ता दबाव—एयर इंडिया की साख पर असर
अनुष्का की इंटरनेशनल फैन फॉलोइंग और संगीत जगत में उनकी प्रतिष्ठा के कारण यह मामला तेजी से वैश्विक मीडिया में चर्चा का विषय बन गया है।
एयर इंडिया पर दबाव बढ़ता जा रहा है कि वह इस मामले को गंभीरता से ले।
कई लोग इसे एयरलाइन की ब्रांड इमेज पर सीधा आघात बता रहे हैं, खासकर:
- टाटा समूह के टेकओवर के बाद
- उच्चस्तरीय सेवा की उम्मीदें बढ़ने के बाद
- और एयर इंडिया के ग्लोबल स्तर पर खुद को दोबारा स्थापित करने के लक्ष्य को देखते हुए
समाधान क्या? कलाकारों के लिए क्या नीति होनी चाहिए?
- म्यूज़िकल इंस्ट्रूमेंट के लिए अलग “फ्रैजाइल हैंडलिंग टीम” नियुक्त करनी चाहिए
- स्पेशल ऑन-बोर्ड स्टोरेज की सुविधा देनी चाहिए
- नॉर्मल लगेज की तरह ट्रीट नहीं करना चाहिए वाद्य यंत्रो को
- लाइबिलिटी पॉलिसी क्लियर और पारदर्शी होनी चाहिए
- कलाकारों को अतिरिक्त सहायता उपलब्ध करानी चाहिए
यूरोप और अमेरिका में कई एयरलाइंस यह सुविधाएँ पहले से देती हैं।
निष्कर्ष: अनुष्का की घटना ने बड़े मुद्दे को उजागर कर दिया
अनुष्का शंकर का सितार टूटना सिर्फ एक वाद्य का नुकसान नहीं है।
यह उन सभी कलाकारों, संगीत प्रेमियों और यात्रियों की आवाज है जो एयरलाइन की लापरवाही का सामना करते हैं।
यह घटना बताती है कि—
- एयरलाइन इंडस्ट्री को अपनी हैंडलिंग प्रक्रियाओं में सुधार की सख्त जरूरत है
- कलाकारों के इंस्ट्रूमेंट सुरक्षा की गारंटी महत्वपूर्ण है
- और सोशल मीडिया की शक्ति किसी भी गड़बड़ी को दबने नहीं देती
अब सबकी नजर इस बात पर है कि एयर इंडिया आगे इस मामले को कैसे संबोधित करती है।
क्या यह बदलाव की शुरुआत होगी?
क्या कलाकारों के वाद्यों की सुरक्षा पर अब गंभीरता से काम होगा? समय ही बताएगा।
Anoushka Shankar has publicly criticised Air India after discovering substantial damage to her sitar following a recent flight. The internationally acclaimed musician said she was “shocked” and “deeply disappointed” by what she described as severe mishandling of her instrument.… pic.twitter.com/G7lXgipQbt
— The Indian Express (@IndianExpress) December 4, 2025